CG news : महासमुंद में फर्जीवाड़ा: 4 सस्पेंड, भड़के CMHO बोले- 'न नाम बताऊंगा, न आदेश की कॉपी दूंगा, जो करना है कर लीजिए,मुझे किसी का डर नहीं’...
महासमुंद : सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र तुमगांव में वेतन आहरण में बड़ी गड़बड़ी का मामला सामने आया है। यहां पदस्थ प्रभारी लेखापाल सहित चार कर्मचारियों द्वारा पिछले दो वर्षों से वेतन राशि में शून्य जोड़कर अधिक भुगतान निकालने का खुलासा हुआ है।
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प्रारंभिक जांच में सामने आया कि कर्मचारियों ने वेतन प्रक्रिया में हेरफेर कर शासन को आर्थिक नुकसान पहुंचाया।मामले की जानकारी मिलते ही विभाग में हड़कंप मच गया। उच्च अधिकारियों के निर्देश पर चारों कर्मचारियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
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सूत्रों के अनुसार यह गड़बड़ी लंबे समय से जारी थी, लेकिन समय पर जांच नहीं होने के कारण मामला सामने नहीं आ सका।मामले में सीएमएचओ डॉ. आई नागेश्वर राव की भूमिका पर भी सवाल उठ रहे हैं। आरोप है कि कर्मचारियों की इस करतूत पर पर्दा डालने का प्रयास किया गया।
निलंबन आदेश सार्वजनिक करने से भी उन्होंने इंकार किया है।स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार पूरे प्रकरण की विस्तृत जांच कराई जा रही है। दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए वेतन प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी बनाने की तैयारी है।
मामला सामने आने के बाद संभागीय संयुक्त संचालक, स्वास्थ्य सेवाएं रायपुर/दुर्ग ने 13 मार्च को आदेश जारी कर प्रभारी लेखापाल सहायक ग्रेड-2 किशोर कुमार चौहान को निलंबित कर दिया। उन्हें सीएमएचओ बलौदाबाजार से अटैच किया गया है।
बताया जाता है कि प्रभारी लेखापाल चौहान ने अन्य कर्मचारियों से साठगांठ कर वेतन बढ़ाकर दो वर्षों से अधिक राशि आहरित की। जिला कोषालय और स्वास्थ्य विभाग के स्तर पर इसकी समीक्षा नहीं की गई, जिससे मामला लंबे समय तक चलता रहा।
“इस मामले में चार कर्मचारी निलंबित हुए हैं। इससे अधिक मैं कुछ नहीं बताऊंगा। न ही किसी का नाम बताऊंगा और न ही निलंबन आदेश दूंगा। आपको जो करना है कर लीजिए। मुझे किसी का डर नहीं।”— डॉ. आई नागेश्वर राव, सीएमएचओ, महासमुंद।
Edited by k.s thakur...




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