//BREAKING//
Loading...

Ideas

Bihar news : पटना में इंसानियत शर्मसार: गर्भपात के कारण फुटपाथ पर तीन घंटे तड़पती रही गर्भवती; हालत गंभीर...

Bihar news : पटना में इंसानियत शर्मसार: गर्भपात के कारण फुटपाथ पर तीन घंटे तड़पती रही गर्भवती; हालत गंभीर...


पटना के बुद्धमार्ग पर एक गर्भवती महिला का फुटपाथ पर गर्भपात हो गया। वह घंटों तक तेज रक्तस्राव के साथ बेसुध पड़ी रही, लेकिन किसी ने मदद नहीं की। सैकड़ों लोग गुजरते रहे, पर किसी ने एंबुलेंस या पुलिस को सूचित नहीं किया।

         Ad..


पटना। राजधानी के व्यस्त बुद्धमार्ग पर शनिवार को इंसानियत को झकझोर देने वाली घटना सामने आई।फ्लाईओवर के पास फुटपाथ पर एक गर्भवती महिला तेज रक्तस्राव और गर्भपात के बाद घंटों बेसुध पड़ी रही, लेकिन सैकड़ों लोग वहां से गुजरते रहे।

      Ad..


करीब तीन घंटे तक किसी ने न एंबुलेंस को फोन किया और न ही डायल 112 को सूचना दी। मदद मिलने में हुई देरी के कारण पांच माह के शिशु की गर्भपात के बाद मौत हो गई, जबकि महिला की हालत गंभीर बनी हुई है।

बुद्धमार्ग फ्लाईओवर के बेसुध हुई पांच माह की गर्भवती..

जानकारी के अनुसार मुजफ्फरपुर की रहने वाली 40 वर्षीय मीना देवी किसी काम से पटना आई थीं। वह पैदल पटना जंक्शन की ओर जा रही थीं।

इसी दौरान बुद्धमार्ग फ्लाईओवर के पास अचानक उनके पेट में तेज दर्द शुरू हुआ और रक्तस्राव होने लगा। कुछ ही देर में वे फुटपाथ पर गिर पड़ीं और गर्भपात हो गया।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार वहां से गुजरने वाले लोग महिला और नवजात की हालत देखते रहे, लेकिन किसी ने तत्काल पुलिस या एंबुलेंस को सूचना देने की पहल नहीं की।

आसपास के कुछ लोगों ने पास के मंदिर से लाल कपड़ा लाकर नवजात को ढक दिया, पर मदद के लिए फोन करने की जहमत नहीं उठाई। लगातार रक्तस्राव के कारण महिला बेहोश हो गई।

सूचना पर पहुंची पुलिस ने पीएमसीएच में कराया भर्ती..


करीब तीन घंटे बाद कुछ संवेदनशील लोगों की नजर महिला पर पड़ी। उन्होंने पानी डालकर उसे होश में लाने की कोशिश की और नाम-पता पूछने का प्रयास किया, लेकिन वह फिर बेहोश हो गई।

इसके बाद डायल 112 और एंबुलेंस को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस और एंबुलेंस मौके पर पहुंची और महिला को तुरंत पीएमसीएच ले जाया गया।

जिला स्वास्थ्य समिति के डीपीएम डॉ. विवेक कुमार सिंह ने बताया कि सूचना मिलते ही पांच मिनट के भीतर एंबुलेंस भेजी गई और महिला को पीएमसीएच पहुंचाया गया। वहां स्त्री एवं प्रसूति रोग विभाग की इमरजेंसी में डॉ. रूपम सिन्हा की यूनिट में उसका इलाज चल रहा है।

आईसीयू में भर्ती, खून चढ़ाकर बचाने की कोशिश..

पीएमसीएच के अधीक्षक डॉ. राजीव कुमार सिंह ने बताया कि महिला का गर्भ पहले ही गिर चुका था। अत्यधिक रक्तस्राव के कारण शरीर में खून की गंभीर कमी हो गई है। उसे आईसीयू में भर्ती कर रक्त चढ़ाया जा रहा है और स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।

उन्होंने कहा कि यदि समय रहते महिला को अस्पताल पहुंचा दिया जाता तो उसकी हालत इतनी गंभीर नहीं होती और संभव था कि नवजात की जान भी बचाई जा सकती थी।

समय पर मदद मिलती तो टल सकती थी त्रासदी..

विशेषज्ञों के अनुसार गर्भपात के बाद सबसे बड़ा खतरा अत्यधिक रक्तस्राव का होता है। शुरुआती कुछ मिनट बेहद अहम होते हैं।

किसी भी सरकारी अस्पताल में इसे नियंत्रित करने के लिए जरूरी दवाएं और फ्लूइड उपलब्ध रहते हैं। डॉक्टरों का कहना है कि समय पर अस्पताल पहुंचाने से कई बार मां और बच्चे दोनों की जान बचाई जा सकती है।

इन सरकारी अस्पतालों में मुफ्त इलाज की सुविधा..

राजधानी के कई सरकारी अस्पतालों में आपातकालीन इलाज की सुविधा मुफ्त उपलब्ध है। इनमें पीएमसीएच, एनएमसीएच, गर्दनीबाग अस्पताल, न्यू गार्डिनर रोड अस्पताल, गुरु गोविंद सिंह अस्पताल और एलएनजेपी हड्डी अस्पताल शामिल हैं।

आपात स्थिति में इन नंबरों पर करें कॉल..

  • आपात सेवा: 112

  • सिविल सर्जन: 9470003600

  • जिला नियंत्रण कक्ष: 0612-2219810 / 0612-2219234

  • पुलिस हेल्पलाइन: 9031825979

  • पीएमसीएच अधीक्षक: 9470003549

  • आइजीआइएमएस: 9473191807 / 0612-2297099

  • गार्डिनर रोड अस्पताल: 9470003587

  • एलएनजेपी अस्पताल, राजवंशी नगर: 9431022000





Edited by k.s thakur...


Post a Comment

0 Comments