‘मैंने उन्हें समझाया और फांसी टल गई’, निमिशा प्रिया मामले पर ग्रैंड मुफ्ती का बड़ा बयान...
Yemen : भारतीय नागरिक निमिषा प्रिया की यमन में प्रस्तावित फांसी को फिलहाल टाल दिया गया है। उन्हें 16 जुलाई को फांसी दी जानी थी, लेकिन ग्रैंड मुफ्ती शेख अबूबक्र अहमद कंथापुरम ने बताया कि यमन के विद्वानों से संपर्क करने के बाद फांसी स्थगित कर दी।
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यमन में निमिषा प्रिया की फांसी टल गई है। निमिषा को 16 जुलाई को फांसी दी जाने वाली थी। निमिषा एक नागरिक की हत्या के मामले में दोषी पाई गई हैं। इस मामले में ग्रैंड मुफ्ती शेख अबूबक्र अहमद कंथापुरम ने दखल दी थी, जिसके बाद निमिषा की फांसी के टाले जाने की खबर सामने आई। अब ग्रैंड मुफ्ती का बयान सामने आया है।
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केरल के कोझिकोड में ग्रैंड मुफ्ती शेख अबूबक्र अहमद कंथापुरम ने बताया कि इस्लाम का एक अलग कानून है। अगर हत्यारे को मौत की सजा सुनाई जाती है तो पीड़ित के परिवार को माफी का हक है। मुझे नहीं पता कि यह परिवार कौन है, लेकिन मैंने दूर से ही यमन के जिम्मेदार विद्वानों से संपर्क किया। मैंने उन्हें इस मुद्दे को समझाया। इस्लाम एक ऐसा धर्म है जो मानवता को बहुत महत्व देता है।
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क्या बोले ग्रैंड मुफ्ती ?
ग्रैंड मुफ्ती ने कहा कि जब मैंने यमन के जिम्मेदार विद्वानों से हस्तक्षेप करने और कार्रवाई करने का अनुरोध किया, तो विद्वानों ने मुलाकात की, चर्चा की और कहा कि वे जो कर सकते हैं, करेंगे।
उन्होंने हमें आधिकारिक तौर पर सूचित किया है और एक दस्तावेज भेजा है, जिसमें कहा गया है कि फांसी की तारीख स्थगित कर दी गई है, जिससे चल रही बातचीत को आगे बढ़ाने में मदद मिलेगी।
ग्रैंड मुफ्ती शेख अबूबक्र अहमद कंथापुरम ने आगे बताया कि मैंने केंद्र सरकार को भी बातचीत और प्रक्रिया के बारे में सूचित कर दिया है। मैंने प्रधानमंत्री कार्यालय को भी एक पत्र भेजा है। हम सार्वजनिक मुद्दों में धर्म या जाति नहीं देखते। आप सभी यह जानते हैं।
बता दें कि निमिषा प्रिया पिछले 8 साल से यमन की जेल में बंद हैं। निमिषा को यमन के एक शख्स की हत्या के आरोप में साल 2017 में गिरफ्तार किया गया था। साल 2020 में उसे फांसी की सजा सुनाई गई थी। वह यमन की सना सेंट्रल जेल में कैद है।
वहीं भारत सरकार मामले में शुरुआत से ही हरसंभव सहायता निमिषा के परिवार को प्रदान कर रही है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, भारतीय अधिकारी यमन की सना जेल के अधिकारियों और यमन के स्थानीय अधिकारियों के संपर्क में हैं।
निमिषा प्रिया के मामले पर ग्रैंड मुफ्ती शेख अबूबक्र अहमद कंथपुरम ने कहा कि यमन में एक हत्या हुई। हत्या के बाद अदालत में मामला दायर किया गया और अदालत ने निमिषा प्रिया को फांसी देने का आदेश दिया। इस्लाम में हत्या के बदले दीया (मुआवजा) देने का भी रिवाज है।
मैंने उनसे दीया स्वीकार करने का अनुरोध किया क्योंकि यहां पार्टी इसके लिए तैयार है। इस बारे में बातचीत चल रही है कि क्या मेरा अनुरोध स्वीकार किया जाना चाहिए। फांसी की तारीख कल थी, लेकिन अब इसे कुछ दिनों के लिए टाल दिया गया है।
हमने इंसानियत के नाते यह मांग की है। अगर ऐसी मांग मान ली जाती है तो भारत में मुसलमानों के लिए बहुत आसानी होगी। यहाँ मुसलमान और हिंदू सभी एक मंच पर रहते हैं।
Edited by k.s thakur...





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